Types of Function (फलनों के प्रकार) गणित का सबसे महत्वपूर्ण और आधारभूत अध्यायों में से एक है Function (फलन)। लेकिन जब हम विभिन्न परिस्थितियों में फलनों का अध्ययन करते हैं, तो हमें यह जानना आवश्यक हो जाता है कि फलन कितने प्रकार के होते हैं और प्रत्येक प्रकार की अपनी विशेषताएँ क्या हैं।
Types of Function (फलनों के प्रकार) अध्याय हमें यह समझने में मदद करता है कि विभिन्न नियमों के आधार पर बने फलन कैसे अलग-अलग व्यवहार करते हैं। यह अध्याय आगे आने वाले Calculus, Algebra, Trigonometry, Limits, Continuity, Differentiation और Integration जैसे महत्वपूर्ण अध्यायों की मजबूत नींव रखता है।
वास्तविक जीवन में भी हम विभिन्न प्रकार के फलनों को अनुभव करते हैं, जैसे:
- मोबाइल चार्जिंग का ग्राफ → बढ़ता हुआ फलन
- टैक्सी का किराया → स्थिर + रैखिक फलन
- तापमान परिवर्तन → सतत फलन
- बैंक ब्याज → घातांकीय फलन
2️⃣ फलन की संक्षिप्त पुनरावृत्ति
परिभाषा:
यदि A और B दो समुच्चय हों और A के प्रत्येक अवयव के लिए B में केवल एक अवयव निश्चित हो, तो उस संबंध को फलन (Function) कहते हैं।
संकेत:
f : A → B
3️⃣ Types of Function (फलनों के प्रकार) – वर्गीकरण
UP Board कक्षा 12 के पाठ्यक्रम में मुख्यतः निम्न प्रकार के फलन पढ़ाए जाते हैं:
- एक-एक फलन (One-One / Injective Function)
- अनेक-एक फलन (Many-One Function)
- सर्वांग फलन (Onto / Surjective Function)
- आंशिक फलन (Into Function)
- द्वि-एक फलन (Bijective Function)
- पहचान फलन (Identity Function)
- स्थिर फलन (Constant Function)
- बहुपद फलन (Polynomial Function)
- परिमेय फलन (Rational Function)
- मापांक फलन (Modulus Function)
- महत्तम पूर्णांक फलन (Greatest Integer Function)
- घातांकीय फलन (Exponential Function)
- लघुगणकीय फलन (Logarithmic Function)
4️⃣ एक-एक फलन (One-One / Injective Function)
परिभाषा:
यदि f(a₁) = f(a₂) ⇒ a₁ = a₂, तो फलन एक–एक फलन कहलाता है।
सरल शब्दों में:
अलग–अलग इनपुट → अलग–अलग आउटपुट
उदाहरण:
f(x) = x³
यह एक-एक फलन है क्योंकि
f(2) = 8 और f(–2) = –8
वास्तविक जीवन उदाहरण:
आधार संख्या → व्यक्ति
हर व्यक्ति की आधार संख्या अलग होती है।
5️⃣ अनेक-एक फलन (Many-One Function)
परिभाषा:
यदि a₁ ≠ a₂ परंतु f(a₁) = f(a₂), तो फलन अनेक–एक फलन कहलाता है।
उदाहरण:
f(x) = x²
f(2) = 4 और f(–2) = 4
वास्तविक जीवन उदाहरण:
शहर → राज्य
कई शहर एक ही राज्य में होते हैं।
6️⃣ सर्वांग फलन (Onto / Surjective Function)
परिभाषा:
यदि को-डोमेन का प्रत्येक अवयव रेंज में सम्मिलित हो, तो फलन सर्वांग फलन कहलाता है।
उदाहरण:
f(x) = x + 1, जहाँ डोमेन = R और को-डोमेन = R
7️⃣ आंशिक फलन (Into Function)
परिभाषा:
यदि को-डोमेन के कुछ अवयव रेंज में सम्मिलित न हों, तो फलन आंशिक फलन कहलाता है।
8️⃣ द्वि-एक फलन (Bijective Function)
परिभाषा:
जो फलन एक–एक और सर्वांग दोनों हो।
महत्व:
द्वि-एक फलन का प्रतिलोम फलन (Inverse Function) अस्तित्व में होता है।
9️⃣ पहचान फलन (Identity Function)
परिभाषा:
यदि f(x) = x, तो उसे पहचान फलन कहते हैं।
उदाहरण:
f(x) = x
🔟 स्थिर फलन (Constant Function)
परिभाषा: यदि f(x) = c (जहाँ c कोई स्थिर संख्या हो), तो वह स्थिर फलन कहलाता है।
उदाहरण: f(x) = 5
11️⃣ बहुपद फलन (Polynomial Function)
परिभाषा: यदि फलन बहुपद के रूप में हो।
उदाहरण: f(x) = x² + 3x + 2
12️⃣ परिमेय फलन (Rational Function)
परिभाषा: यदि फलन दो बहुपदों के अनुपात के रूप में हो।
उदाहरण: f(x) = (x + 1)/(x – 2)
13️⃣ मापांक फलन (Modulus Function)
परिभाषा: f(x) = |x|
उदाहरण: f(–5) = 5
14️⃣ महत्तम पूर्णांक फलन (Greatest Integer Function)
परिभाषा:
f(x) = [x]
यह x से छोटी या बराबर सबसे बड़ी पूर्ण संख्या देता है।
15️⃣ घातांकीय फलन (Exponential Function)
परिभाषा:
f(x) = aˣ, जहाँ a > 0 और a ≠ 1
उदाहरण:
f(x) = 2ˣ
16️⃣ लघुगणकीय फलन (Logarithmic Function)
परिभाषा:
f(x) = logₐ x, जहाँ a > 0 और a ≠ 1
17️⃣ वास्तविक जीवन में फलनों के प्रकारों का महत्व
- बैंक ब्याज → घातांकीय फलन
- टैक्सी किराया → रैखिक फलन
- मोबाइल चार्ज → बहुपद फलन
- तापमान → सतत फलन
- दूरी और समय → रैखिक फलन
18️⃣ ग्राफ द्वारा फलन की पहचान – Vertical Line Test
यदि किसी ग्राफ पर कोई भी ऊर्ध्वाधर रेखा उसे केवल एक बिंदु पर काटे, तो वह ग्राफ फलन को दर्शाता है।
19️⃣ परीक्षा की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बिंदु
✔ सभी प्रकारों की परिभाषाएँ याद करें
✔ उदाहरणों का नियमित अभ्यास करें
✔ ग्राफ आधारित प्रश्न हल करें
✔ डोमेन और रेंज निकालना सीखें
✔ पिछले वर्षों के प्रश्न हल करें
20️⃣ Types of Function (फलनों के प्रकार) (FAQs)
Q1. फलन के कितने प्रमुख प्रकार हैं?
उत्तर: मुख्यतः 10–13 प्रकार पढ़ाए जाते हैं।
Q2. एक-एक फलन की परिभाषा लिखिए।
उत्तर: यदि f(a₁) = f(a₂) ⇒ a₁ = a₂
Q3. अनेक-एक फलन क्या है?
उत्तर: जब अलग-अलग इनपुट से एक ही आउटपुट मिले।
Q4. सर्वांग फलन क्या है?
उत्तर: जिसमें को-डोमेन का हर अवयव रेंज में हो।
Q5. आंशिक फलन क्या होता है?
उत्तर: जिसमें को-डोमेन के सभी अवयव रेंज में न हों।
Q6. द्वि-एक फलन क्या है?
Ans. जो एक-एक और सर्वांग दोनों हो।
Q7. पहचान फलन क्या है?
Ans. f(x) = x
Q8. स्थिर फलन क्या है?
Ans. f(x) = c
Q9. बहुपद फलन का उदाहरण दीजिए।
Ans. f(x) = x² + 2x + 1
Q10. परिमेय फलन क्या होता है?
Ans. दो बहुपदों का अनुपात।
Q11. मापांक फलन क्या है?
Ans. f(x) = |x|
Q12. महत्तम पूर्णांक फलन क्या है?
Ans. f(x) = [x]
Q13. घातांकीय फलन क्या है?
Ans. f(x) = aˣ
Q14. लघुगणकीय फलन क्या है?
Ans. f(x) = logₐx
Q15. कौन-सा फलन सदैव एक-एक होता है?
Ans.f(x) = x³
Q16. कौन-सा फलन अनेक-एक है?
Ans. f(x) = x²
Q17. द्वि-एक फलन क्यों महत्वपूर्ण है?
Ans. क्योंकि इसका प्रतिलोम होता है।
Q18. वास्तविक जीवन में स्थिर फलन का उदाहरण दीजिए।
Ans. फिक्स मासिक वेतन।
Q19. बैंक ब्याज किस प्रकार का फलन है?
Ans. घातांकीय फलन।
Q20. ग्राफ से फलन कैसे पहचानते हैं?
Ans.Vertical Line Test द्वारा।
Q21. क्या हर संबंध फलन होता है?
Ans. नहीं।
Q22. क्या हर फलन संबंध होता है?
Ans. हाँ।
Q23. कौन-सा फलन हमेशा सर्वांग होता है?
Ans. f(x) = x + 1 (R → R)
Q24. UP Board परीक्षा में इस अध्याय से कितने अंक आते हैं?
Ans. लगभग 8–12 अंक।
Q25. इस अध्याय को याद रखने का सर्वोत्तम तरीका क्या है?
Ans. चार्ट बनाकर अभ्यास और रोज़ रिवीजन।
🎯 निष्कर्ष (Conclusion)
Types of Function (फलनों के प्रकार) अध्याय गणित की आत्मा है। यदि विद्यार्थी इसे अच्छे से समझ लेते हैं, तो Limits, Continuity, Differentiation और Integration जैसे कठिन अध्याय भी सरल हो जाते हैं।










